॥ भजन श्री श्याम ॥
पलकें ही पलकें बिछायेंगे, जिस दिन श्याम प्यारे घर आयेंगे॥
हम तो हैं कान्हा के, जन्मों से दीवाने रे।
हम तो हैं बाबा के, भजनों के दीवाने रे।
मीठे-मीठे भजन सुनायेंगे, जिस दिन श्याम प्यारे घर आयेंगे॥ पलकें...
घर का कोना-कोना मैंने, फूलों से सजाया।
बन्दनवार बधाई, घी का दीपक जलाया।
प्रेमी जनों को बुलायेंगे, जिस दिन श्याम प्यारे घर आयेंगे॥ पलकें...
गंगाजल की झारी से, चरण पखारूँ।
भोग लगाऊँ लाड लड़ाऊँ, आरती उतारूँ।
खुशबू ही खुशबू उड़ायेंगे, जिस दिन श्याम प्यारे घर आयेंगे॥ पलकें...
अब तो लगन एक ही मोहन, प्रेम सुधा बरसादे।
जन्म जन्म की मैली चादर, अपने रंग रंगा दे।
जीवन को जीवन बनायेंगे, जिस दिन श्याम प्यारे घर आयेंगे॥ पलकें...
नटवर नागर नन्द का लाला, मुरली मधुर बजावे।
'नन्दू' प्रेमी नाच-नाच कर, गिरधर को रिझावे।
नैनों से नैन मिलायेंगे, जिस दिन श्याम प्यारे घर आयेंगे॥ पलकें...
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