॥ भजन श्री श्याम ॥
गाड़ी वाले, मने बिठाले, एक बर गाड़ी थाम, भक्त में हार गयो॥
हार गयो, मैं हार गयो, चलते-चलते हार गयो।
गाड़ी थामले, मने बिठाले, एक बर गाड़ी थाम, भक्त में हार गयो॥
गाड़ी वाले...
नरसी भक्त यूँ कहने लगे, गाड़ी मेरी पुरानी सै।
टूटी गाड़ी ठीक करूँ, ना मेरे स छानी सै।
खाती मेरी जात भक्त जो, किसको मेरो नाम, भक्त में हार गयो॥
गाड़ी वाले...
गाड़ी लगे सुधारन, लई हाथ में आरी थी।
नरसी की टूटी गाड़ी, प्रभु ने तुरन्त सँवारी थी।
नरसी बोला भजन सुना दुं, ना मेरे धोरे दाम, भक्त में हार गयो॥
गाड़ी वाले...
सोलह बैठे बाबाजी, गाड़ी में फैरै माला।
गाड़ी पवन समान चली, हरी आप बने थे गड़वाला।
मैं भी थारे साथ चलूँगा, थोड़ी दूर मेरो गाँव, भक्त में हार गयो॥
गाड़ी वाले...
बाँधे छान, बने गड़वाले, और कभी रथवान बने।
'बद्री' जैसा भक्त बनावै, वैसा ही भगवान बने।
किसनो खाती चाल पड़यो र, कर भक्तां न प्रणाम, भक्त में हार गयो॥
गाड़ी वाले...